ब्रेकिंग न्यूज़ 

भारत की वैक्सीन आत्मनिर्भर भारत की पहचान: पीएम मोदी

भारत की वैक्सीन आत्मनिर्भर भारत की पहचान: पीएम मोदी

दुनिया के सबसे बड़े टीकाकरण अभियान का सुचारू रूप से संचालन सुनिश्चित करने के लिए प्रधानमंत्री की वैज्ञानिकों, राजनीतिक नेताओं, अधिकारियों और अन्य हितधारकों के साथ निरंतर संवाद और चर्चा चल रही है. इसी कड़ी में प्रधानमंत्री ने वाराणसी क्षेत्र के स्वास्थ्यकर्मियों से टीकाकरण के बाद न सिर्फ उनके अनुभव जाने बल्कि इस प्रक्रिया को जल्दी से जल्दी पूरा करने के लिए प्रोत्साहित भी किया.

देश कोरोना वायरस के प्रकोप पर निर्णायक लड़ाई की शुरुआत कर चुका है, देश भर में टीकाकरण की रफ्तार लगातार तेज़ होती जा रही है. कुछ किंतु परंतु की गुंजाइश भी लगातार सिमटती जा रही है, वहीं शुक्रवार को एक बार फिर प्रधानमंत्री जनता के सामने थे और एक बार फिर उन्होंने टीकाकरण से जुड़े मुद्दों और उससे जुड़े उद्देश्यों को जनता के सामने रखा. शुक्रवार को वाराणसी में टीकाकरण से जुड़े कर्मियों और लाभार्थियों से संवाद करते हुए पीएम ने कहा कि 2021 की शुरुआत बहुत ही शुभ संकल्पों से हुई है. काशी के बारे में कहते हैं कि यहां शुभता सिद्धि में बदल जाती है. इसी सिद्धि का परिणाम है कि आज विश्व का सबसे बड़ा टीकाकरण अभियान हमारे देश में चल रहा है.

16 जनवरी से दुनिया के सबसे बड़े टीकाकरण के रूप में देश में कोरोना की वैक्सीन लगने की शुरूआत हो चुकी है और पहले चरण के रूप में देश के मेडिकल प्रोफेश्नल्स और हेल्थ कैयर वर्कस को लगाई जा रही है. शुक्रवार को प्रधानमंत्री ने एक बार फिर से ज़ोर दिया कि क्यों ये बेहद ज़रूरी है.

Leave a Reply

Your email address will not be published.