ब्रेकिंग न्यूज़ 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की माँ हीराबेन का 100 साल की उम्र में निधन :

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की माँ हीराबेन का 100 साल की उम्र में निधन :

शानदार शताब्दी का ईश्वर चरणों के में विराम: मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की माँ हीराबेन का 100 वर्ष की उम्र में  अहमदाबाद के यूएन मेहता हास्पिटल में करीबन साढ़े तीन बजे  निधन हो गया ।  बुधवार को  अचानक तबीयत बिगड़ने पर हीराबेन को अहमदाबाद के यूएन मेहता अस्पताल में भर्ती किया गया था| जिसके बाद ही डॉक्टरों ने उनकी स्तिथि को सामान्य बताया था ।  बता दे की मोदी जी की मां हीराबेन का जन्म  का जन्म वर्ष 1923 में हुआ था तथा वो 100 वर्ष की थी । अपने मां के निधन की दुखद खबर सुनने के बाद प्रधान मंत्री ने ट्वीट करके अपने भावनाओं को व्यक्त किया और  कहा की –

“शानदार शताब्दी का ईश्वर चरणों के में विराम… माँ में मैंने हमेशा उस त्रिमूर्ति की अनुभूति की है, जिसमें एक तपस्वी की यात्रा, निष्काम कर्मयोगी का प्रतीक और मूल्यों के प्रति प्रतिबद्ध जीवन समाहित रहा है.”

मैं जब उनसे 100वें जन्मदिन पर मिला तो उन्होंने एक बात कही थी, जो हमेशा याद रहती है- काम करो बुद्धि से और जीवन जियो शुद्धि से।
हीराबेन का जन्म मेहसाणा ज़िले के विसनगर में हुआ था। यह वडनगर के क़रीब है। हीराबेन के जन्म के कुछ दिनों बाद ही उनकी माँ यानी पीएम की नानी की मौत हो गई थी। एक शताब्दी पहले आई वैश्विक महामारी में उनकी मौत हुई थी।

पीएम मोदी ने इसी साल 18 जून को बताया था, “मेरी माँ का बचपन माँ के बिना ही बीता, वो अपनी माँ से ज़िद नहीं कर पाईं, उनके आंचल में सिर नहीं छिपा पाईं। माँ को अक्षर ज्ञान भी नसीब नहीं हुआ, उन्होंने स्कूल का दरवाज़ा भी नहीं देखा। उन्होंने देखी तो सिर्फ़ ग़रीबी और घर में हर तरफ अभाव।”

प्रधानमंत्री के मां के निधन पर भाजपा के कई बड़े नेताओं ने ट्वीट कर अपनी संवेदना प्रस्तुत की जिसमे  रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पीएम मोदी की माँ के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए लिखा है, “प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी की माताश्री, हीराबेन के निधन से मुझे गहरी वेदना हुई है। एक माँ का निधन किसी भी व्यक्ति के जीवन में ऐसी शून्यता लाता है, जिसकी भरपाई असंभव है। दुख की इस घड़ी में प्रधानमंत्री जी और उनके पूरे परिवार के प्रति मैं अपनी संवेदना व्यक्त करता हूँ। ॐ शांति

 गृह मंत्री अमित शाह ने भी दुख  व्यक्त करते हुवे अपने ट्वीट में लिखा की  प्रधानमंत्री @narendramodi जी की पूज्य माताजी हीरा बा के स्वर्गवास की सूचना अत्यंत दुःखद है। माँ एक व्यक्ति के जीवन की पहली मित्र और गुरु होती है जिसे खोने का दुःख निःसंदेह संसार का सबसे बड़ा दुःख है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी  आदित्यनाथ ने भी ट्वीट कर दुख व्यक्त किया जिसमे उन्होने कहा की एक पुत्र के लिए माँ पूरी दुनिया होती है। माँ का निधन पुत्र के लिए असहनीय और अपूरणीय क्षति होती है। आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी की पूज्य माता जी का निधन अत्यंत दुःखद है। प्रभु श्री राम दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्री चरणों में स्थान प्रदान करें।
ॐ शांति!
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी प्रधानमंत्री की माँ के निधन पर शोक संदेश में लिखा है, “भक्ति, तपस्या और कर्म की त्रिवेणी नरेंद्र मोदी जी जैसे महान व्यक्तित्व को गढ़ने वाली माँ के चरणों में सादर प्रणाम। पूज्य माँ सदैव प्रेरणा बनी रहेंगी।”

इसी साल 18 जून को प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी माँ का 100वाँ जन्मदिन मनाया था। पीएम मोदी अपनी माँ के सौ बरस पूरे होने पर गांधीनगर गए थे।

हीराबेन के 100 बरस पूरे होने पर पीएम मोदी ने एक भावुक ब्लॉग भी लिखा था।

अपने ब्लॉग में पीएम मोदी ने लिखा था, .” आज मैं अपनी ख़ुशी, अपना सौभाग्य, आप सबसे साझा करना चाहता हूँ। मेरी माँ, हीराबा आज 18 जून को अपने सौवें वर्ष में प्रवेश कर रही हैं. यानी उनका जन्म शताब्दी वर्ष प्रारंभ हो रहा है। पिताजी आज होते, तो पिछले सप्ताह वो भी 100 वर्ष के हो गए होते। यानी 2022 एक ऐसा वर्ष है, जब मेरी माँ का जन्मशताब्दी वर्ष प्रारंभ हो रहा है और इसी साल मेरे पिताजी का जन्मशताब्दी वर्ष पूर्ण हुआ है।”

पीएम मोदी ने लिखा था, “आज मेरे जीवन में जो कुछ भी अच्छा है, मेरे व्यक्तित्व में जो कुछ भी अच्छा है, वो माँ और पिताजी की ही देन है. आज जब मैं यहां दिल्ली में बैठा हूँ, तो कितना कुछ पुराना याद आ रहा है।

मेरी माँ जितनी सामान्य हैं, उतनी ही असाधारण भी। ठीक वैसे ही, जैसे हर माँ होती है। आज जब मैं अपनी माँ के बारे में लिख रहा हूं तो पढ़ते हुए आपको भी ये लग सकता है कि अरे, मेरी मां भी तो ऐसी ही हैं, मेरी मां भी तो ऐसा ही किया करती हैं। ये पढ़ते हुए आपके मन में अपनी मां की छवि उभरेगी।”

पीएम मोदी ने लिखा था, “माँ की तपस्या, उसकी संतान को सही इंसान बनाती है. माँ की ममता, उसकी संतान को मानवीय संवेदनाओं से भरती है. माँ एक व्यक्ति नहीं है, एक व्यक्तित्व नहीं है, माँ एक स्वरूप है. हमारे यहाँ कहते हैं, जैसा भक्त वैसा भगवान. वैसे ही अपने मन के भाव के अनुसार, हम माँ के स्वरूप को अनुभव कर सकते हैं।”

अपने मां के निधन सूचना के बाद ही  प्रधानमन्त्री नरेंद्र मोदी अहमदाबाद  के लिए रवाना हो गए । जी हां बता दें कि पीएम मोदी नेे अपने भाईयों के साथ अपनी मां को कंधा दिया तथा उन्हें मुखाग्नि प्रदान की। जिसके साथ ही उनकी मां पंचतत्व में विलीन हो गईं। इस मोौके पर भाजपा के  साथ-साथ देश के तमाम बड़े नेताओं ने ट्वीट के माध्यम से शोक व्यक्त किया ।

Leave a Reply

Your email address will not be published.