ब्रेकिंग न्यूज़ 

गोपालन को प्रोत्साहन ही धर्मपालन

गोपालन को प्रोत्साहन ही धर्मपालन

भारतीय गायों के ही दूध, दही, घी आदि का सेवन करें!

पंचगव्य-निर्मित दंतमंजन, साबुन इ. का उपयोग करें!

उत्सवों पर गोपूजन करें। मंगलप्रसंगों पर गोदान करें!

गोचर्म से (चमडे से) बनी वस्तुएं (उदा. ‘लिपस्टिक’, जूते-चप्पल, ‘चॉकलेट’, ‘कोल्ड क्रीम’) का प्रयोग न करें!

(ये वस्तुएं महंगी होने के कारण पहचानी जा सकती हैं।)

गोशालाओं की निर्मित हेतु स्थान/निधि अर्पित करें!

हिन्दुओं, गोसंवर्धन कर गोमाता का आशीर्वाद प्राप्त करें!

गोमांस सेवन का महापाप न करें

विदेशी प्रतिष्ठानों के पिज्जा, बर्गर आदि पदार्थों में गोमांस मिश्रण होता है। अत: विदेशी प्रतिष्ठानों के सभी खाद्य पदार्थों का बहिष्कार करें!

कहीं-कहीं मिठाई पर चांदी के वरक के स्थान पर गोमाता की आंत से निर्मित वरक का प्रयोग किया जाता है। कृपया, ऐसे पदार्थ क्रय न करें!

गोहत्या रोककर हिन्दुओं की रक्षा करें!

एक शासकीय प्रतिवेदन के अनुसार गाय की अस्थियों के विक्रय से प्राप्त धन ‘जिहाद हेतु प्रयुक्त होता है!

24-04-2016

skype найти пользователяпродвижение в регионах

Leave a Reply

Your email address will not be published.